बुधवार, 10 सितंबर 2025

सकारात्मक सोच हमारे कार्य करने की क्षमता को बढ़ाता है — संत लहरी सिंह कश्यप

 

      लहरीपुर गाँव बसाने वाले संत लहरी सिंह कश्यप जी का यह संदेश हमें यह सिखाता है कि मन का दृष्टिकोण ही जीवन की दिशा तय करता है। जब हम सकारात्मक सोच के साथ काम करते हैं तो— कठिनाई भी अवसर बन जाती है। मन में उत्साह और ऊर्जा बनी रहती है।  आत्मविश्वास कई गुना बढ़ जाता है।  लक्ष्य पाना आसान हो जाता है। सकारात्मक सोच केवल विचार नहीं, बल्कि आध्यात्मिक शक्ति है, जो इंसान के कार्य करने की क्षमता को बढ़ाकर उसे जीवन में सफलता और शांति दोनों प्रदान करती है। सकारात्मक सोच हमारे कार्य करने की क्षमता को बढ़ाता है। हमें रचनात्मक बनाता है। हमारे भीतर नवीन सामर्थ्य का संचार करता है। यह आशा की सुंगध लेकर आता है, जिससे हमें अपने कार्यों में सफलता प्राप्त होती है। इसके उलट यदि हम निराशा के जाल में फंस जाते हैं तो प्रगति की दिशा से भटक, जाते हैं। तब हम जहां हैं, वहां से भी नीचे फिसल जाएंगे। निराशा हमारे संकल्पों पर ग्रहण की कालिमा लगा देती है। उसके पश्चात स्वप्न टूटने लगते हैं। हम बिखरने लगते हैं। कोई भी कार्य ठीक गति से नहीं होता। जीवन में हताशा एवं नैराश्य दस्तक देने लगते हैं। स्मरण रहे कि आशा की किरण ही सफलता के आंगन को आलोकित करती हैं। एक बुजुर्ग इसी आशा में पेड़ लगाता है कि कल को आने वाली पीढ़ी इसके फलों का आस्वादन करेगी। वह यह सोचे कि उसे अब ज्यादा दिनों तक जीवित नहीं रहना है तो वह क्यों फलदार पेड़ लगाए? ऐसी स्थिति में तो वह निराशा के कूप में डूबकर तड़पने लगेगा। निराशा का तिमिर उसे कचोटने लगेगा। अगर वह निराशा की ऐसी पतवार थामे चलेगा तो मझदार में ही डूब जाएगा। जबकि आशा की सुधा जीवन को लालित्य प्रदान करती है। वह उसे आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है। निराशा का अंधकार हमारी क्षमताओं को लीलता है। हम अपनी सामर्थ्य को भूल जाते है। निराशा हमें भयाक्रांत करती है और समय के साथ उससे जुड़े भय और गहरे होते जाते हैं। इस कारण संभव दिख रही सफलता भी असंभव लगने लगती है। जीवन में नैराश्य का मर्दन अत्यंत आवश्यक है। अन्यथा हम उन्नति नहीं कर पाएंगे। निराशा का जन्म नकारात्मकता से होता है। नकारात्मकता ही निराशा को पोषित करती है। जीवन में नकारात्मकता से दूर रहकर ही निराशा का शमन किया जा सकता है। सकारात्मकता का आवरण ही निराशा के प्रहारों से हमें बचा सकता है।



कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें